

डबरा…
स्लग…भाईदूज
एंकर….डबरा सब जेल में होली की भाईदूज का पर्व मनाया जा रहा है, इस अवसर पर बहनें जेल में बंद अपने भाइयों को मंगल तिलक करने पहुंची हैं। जेल प्रशासन ने इसके लिए खुले और विशेष व्यवस्थाएं की हैं। जेल के बाहर सुबह से ही काउंटर लगाया गया हैं,यहां पर बहनों का पूरा सत्यापन (वैरिफिकेशन) करने के बाद ही उन्हें भाइयों से मिलने की जेल प्रशासन द्वारा अनुमति दी गई।
बहनें परंपरागत रूप से रंग, गुलाल, रोली, चावल और चंदन से भाइयों को मंगल तिलक कर और उन्हें मिठाई खिलाकर लंबी उम्र की कामना की,तो वहीं बहनों को बाहर से सिर्फ मिठाई सामग्री लाने की अनुमति थी आ अन्य पदार्थों को जेल प्रशासन ने बन्द कर दिया था।यह मौका उन कैदियों के लिए एक विशेष अवसर होता है, जो संगीन मामलों में जेल में बंद हैं और अपने परिवार से मिलने के लिए ऐसे तीज़ त्योहारों का इंतजार करते हैं, आज के दिन पुरुष बंदियों से मिलने केवल महिलाएं ही आती है बंदियों से भाई दूज मनाने के लिए उनके परिवार की केवल महिलाएं (अधिकतम तीन) और उनके साथ आने वाले 6 वर्ष तक के बच्चों को ही जेल परिसर में प्रवेश दिया गया।
